इस साल दिवाली 2025 बेहद खास रहने वाली है, क्योंकि इस बार लक्ष्मी पूजन के दिन एक दुर्लभ शुभ योग बन रहा है। ग्रह-नक्षत्रों की इस अनोखी स्थिति में की गई पूजा और खरीदारी से धन, सौभाग्य और समृद्धि कई गुना बढ़ने की मान्यता है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, इस बार दिवाली के दिन शुभ लक्ष्मी योग और श्रीवृद्धि योग का संगम बन रहा है, जो हर 20 से 25 साल में ही देखने को मिलता है।
दिवाली 2025 का शुभ मुहूर्त
इस साल दिवाली 2025 का पर्व 20 अक्टूबर (सोमवार) को मनाया जाएगा।
लक्ष्मी पूजन का शुभ मुहूर्त शाम 6:41 बजे से रात 8:15 बजे तक रहेगा।
ज्योतिष के अनुसार, इस समय मां लक्ष्मी और भगवान गणेश की पूजा करने से घर में सुख, शांति और वैभव का स्थायी वास होता है।
क्या खरीदें दिवाली पर – शुभ वस्तुएं
दिवाली पर कुछ विशेष चीजें खरीदने की परंपरा न केवल धार्मिक रूप से शुभ मानी गई है, बल्कि इनसे जीवन में समृद्धि भी आती है। इस साल इन वस्तुओं की खरीद खास फलदायी मानी जा रही है —
सोना या चांदी:

दिवाली पर सोने या चांदी की खरीदारी को धन की स्थिरता और वृद्धि का प्रतीक माना गया है। अगर संभव न हो तो चांदी का सिक्का या लक्ष्मी-गणेश की मूर्ति भी खरीद सकते हैं।झाड़ू:

झाड़ू
ज्योतिष के अनुसार, झाड़ू मां लक्ष्मी का प्रतीक है। दिवाली के दिन नई झाड़ू लाकर घर में रखने से दरिद्रता का नाश होता है और सुख-समृद्धि आती है।घी का दीपक:

घी का दीपक
लक्ष्मी पूजन में शुद्ध देसी घी का दीपक जलाना अत्यंत शुभ माना गया है। इससे घर में सकारात्मक ऊर्जा और सौभाग्य का प्रवेश होता है।कांस्य या तांबे के बर्तन:

तांबे के बर्तन
इन धातुओं को दिवाली पर खरीदना स्वास्थ्य और समृद्धि के लिए अत्यंत लाभदायक होता है।मां लक्ष्मी की तस्वीर या प्रतीक चिन्ह:

मां लक्ष्मी की तस्वीर या प्रतीक चिन्ह
दिवाली के दिन नई लक्ष्मी प्रतिमा या चित्र लाना बहुत शुभ माना जाता है। इससे घर में धन और सुख की वृद्धि होती है।
विशेष योग में पूजा का महत्व
इस बार बन रहे शुभ लक्ष्मी योग और श्रीवृद्धि योग में किया गया पूजन अत्यंत फलदायी माना गया है। इस दिन यदि श्रद्धा भाव से लक्ष्मी-गणेश की पूजा की जाए, तो पूरे वर्ष घर में धन, वैभव और सौभाग्य बना रहता है।
लोकमत राजस्थान की शुभकामनाएं
लोकमत राजस्थान परिवार की ओर से आप सभी को दिवाली की हार्दिक शुभकामनाएं!
मां लक्ष्मी और गणेश जी के आशीर्वाद से आपके घर में सदा सुख, शांति और समृद्धि बनी रहे।
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