राजस्थान में पिछले दिनों की एक तस्वीर ने सियासत को गरमा दिया है .पूर्व सीएम अशोक गहलोत और पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट की उस तस्वीर ने बीजेपी हो या अन्य पार्टी सबके जहन में कई सवालों को खडा कर दिया है.कुछ का मानना है कि कांग्रेस अब अपने अस्तित्व को बचाने के लिए एकजुट हो रही है .वही कुछ का मानना है कि ये मुलाकात तो बहाना है ये तो तुफान से पहले की शांति वार्ता है …जिसका आने वाले समय में खुलासा होगा..दरअसल, कांग्रेस पार्टी के नेता व पूर्व सीएम अशोक गहलोत और पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट की मुलाकात पर बीजेपी ने तंज कसा है. बीजेपी का दावा है कि यह तूफान से पहले की शांति है और जल्द ही कुछ बड़ा देखने को मिलेगा. बीजेपी ने कहा कि अशोक गहलोत ने सीएम रहते हुए सचिन पायलट को नाकारा -निकम्मा नालायक और गद्दार कहा था, लेकिन आज उसी सचिन पायलट के साथ गलबहियां कर रहे हैं. बता दे बीजेपी के वरिष्ठ नेता राजेंद्र राठौड ने आज बीजेपी कार्यालय में प्रेस वार्ता को संबोधित किया .इस दौरान उन्होने जमकर कांग्रेस पर हमला बोला उन्होने कहा, “राजस्थान में डबल इंजन की सरकार तेज गति से काम कर रही है. कांग्रेस पार्टी की कहीं दाल नहीं गल पा रही है. उसे कोई मुद्दा नहीं मिल पा रहा है. डेढ़ साल में वह कोई आंदोलन नहीं खड़ा कर पाई है. ऐसे में अशोक गहलोत और सचिन पायलट को हाथ मिलाना पड़ रहा है, लेकिन जल्द ही बड़ा तूफान आने वाला है और यह तूफान आने से पहले की शांति है.” राठौड़ ने आगे कहा, “राजस्थान के लोकतांत्रिक इतिहास में ऐसा पहले कभी नहीं हुआ था कि सत्ता पक्ष के आधे विधायक और मंत्री अलग-अलग खेमों में बंटकर फाइव स्टार होटल में छिपे बैठे हों.” बता दें कि सचिन पायलट 7 जून को पूर्व सीएम अशोक गहलोत से मिलने उनके घर गए थे. सचिन पायलट अपने पिता दिवंगत राजेश पायलट की 25वीं पुण्यतिथि के लिए आमंत्रित करने गए थे. अशोक गहलोत खेमे ने इस मुलाकात के फोटो और वीडियो सार्वजनिक कर दिए थे.

